Home Chandigarh पंजाब में 29% शराब ठेके अब टेंडर से

पंजाब में 29% शराब ठेके अब टेंडर से

चंडीगढ़ । राजवीर दीक्षित

29% Liquor Contracts in Punjab to be Allotted Through Tender  पंजाब सरकार की नई आबकारी नीति 2026-27 के तहत शराब ठेकों को लेकर बड़ा फैसला सामने आया है। सरकार ने इस साल ठेकेदारों को 6-7 प्रतिशत राजस्व बढ़ोतरी के साथ अपने शराब ठेकों के ग्रुप का नवीनीकरण करने का विकल्प दिया था। इसके बाद राज्य के करीब 71 प्रतिशत ठेकेदारों ने अपने ठेकों का नवीनीकरण करा लिया है। हालांकि बाकी बचे लगभग 29 प्रतिशत ठेकों की अलॉटमेंट अब सरकार टेंडर प्रणाली के जरिए करेगी।

सरकार के मुताबिक जिन ठेकों का नवीनीकरण नहीं हुआ है, उनके लिए अब टेंडर जारी किए जाएंगे। यदि पुराने या नए ठेकेदार इन ठेकों के लिए आवेदन करते हैं तो प्रक्रिया पूरी की जाएगी। लेकिन अगर पर्याप्त आवेदन नहीं आते हैं, तो सरकार को दोबारा टेंडर जारी करने के लिए इन ठेकों की रिजर्व प्राइस कम करनी पड़ सकती है, ताकि ठेके आसानी से अलॉट हो सकें।

ठेकेदारों के अनुसार बरनाला, फरीदकोट, फतेहगढ़ साहिब, गुरदासपुर, मानसा, पटियाला और तरनतारन जिलों में सभी ग्रुपों का नवीनीकरण पूरा हो चुका है। वहीं लुधियाना में लगभग 73 प्रतिशत, जालंधर में 76 प्रतिशत और अमृतसर में 75 प्रतिशत ठेकों का नवीनीकरण हुआ है। इसके विपरीत होशियारपुर में 46 प्रतिशत, कपूरथला में 43 प्रतिशत और मोगा में केवल 40 प्रतिशत ठेकेदारों ने ही नवीनीकरण का विकल्प चुना है।

ठेकेदारों का कहना है कि वर्ष 2025-26 के दौरान हुए भारी आर्थिक नुकसान के कारण कई लोगों ने इस बार ठेकों का नवीनीकरण नहीं कराया। उनका आरोप है कि अंग्रेजी शराब के ओपन कोटा सिस्टम के कारण बाजार में सप्लाई बहुत ज्यादा हो गई, जिससे प्रतिस्पर्धा बढ़ी और मुनाफा घट गया।

इसी वजह से ठेकेदारों ने सरकार से मांग की है कि अंग्रेजी शराब के ओपन कोटा सिस्टम को खत्म या नियंत्रित किया जाए, ताकि बाजार में सप्लाई और मांग के बीच संतुलन बना रहे और खुदरा ठेकेदारों को भी उचित मुनाफा मिल सके।

 

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