चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(“Punjab Government Bus Strike Begins”)पंजाब में सरकारी बस सेवाओं पर बड़ा असर देखने को मिल रहा है। पंजाब रोडवेज और पनबस के कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर बुधवार से हड़ताल शुरू कर दी है। इस हड़ताल के चलते राज्य के कई डिपो से सरकारी बसों का संचालन प्रभावित हुआ है, जिससे हजारों यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि जो बसें पहले से दूसरे राज्यों के लिए रवाना हो चुकी थीं, उन्हें अपना निर्धारित रूट पूरा करने के बाद ही हड़ताल में शामिल किया जाएगा।
कर्मचारियों का कहना है कि सरकार ने नए डीसी रेट के अनुसार मिलने वाली 15 प्रतिशत वेतन वृद्धि अब तक लागू नहीं की है। उनका दावा है कि पिछले दो महीनों से उन्हें निर्धारित लेबर रेट से भी कम वेतन दिया जा रहा है। यदि नया डीसी रेट लागू किया जाता है तो प्रत्येक कर्मचारी के मासिक वेतन में करीब 1,800 रुपये की बढ़ोतरी होगी।
पनबस पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन के अनुसार, इस मुद्दे को लेकर पहले भी कई बार ज्ञापन सौंपे गए, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। कर्मचारियों ने 18 डिपो में बसों का संचालन रोकते हुए सरकार से मांग की है कि 15 प्रतिशत वेतन वृद्धि तुरंत लागू की जाए, पिछले दो महीनों का एरियर दिया जाए और इस संबंध में जल्द आधिकारिक आदेश जारी किए जाएं।
हड़ताल का सबसे अधिक असर रोजाना सफर करने वाले छात्रों, नौकरीपेशा लोगों और ग्रामीण इलाकों से आने-जाने वाले यात्रियों पर पड़ रहा है। बस अड्डों पर यात्रियों की भीड़ बढ़ गई है और निजी परिवहन सेवाओं पर दबाव देखने को मिल रहा है।
अब सभी की नजरें सरकार और कर्मचारी यूनियन के बीच होने वाली बातचीत पर टिकी हैं। यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो आने वाले दिनों में यह हड़ताल और लंबी खिंच सकती है, जिससे आम जनता की मुश्किलें और बढ़ने की आशंका है।



















