मानसा । राजवीर दीक्षित
पंजाब में नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की दिनदहाड़े हत्या के विरोध में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बुधवार को पूरे राज्य में जिला स्तर पर प्रदर्शन करने का ऐलान किया है। पार्टी ने मुख्यमंत्री भगवंत मान से तत्काल इस्तीफा देने और मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से करवाने की मांग की है।
चंडीगढ़ में मीडिया को संबोधित करते हुए पंजाब BJP के प्रदेश महासचिव अनिल सरीन ने कहा कि पार्टी परविंदर सिंह झोटा और नशे से पीड़ित लोगों को न्याय दिलाने के लिए सड़कों पर उतरकर संघर्ष करेगी।
BJP के प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने हत्या के मामले को निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए CBI को सौंपने की मांग की है। उन्होंने पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया को पत्र लिखकर मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है।
BJP नेताओं सुनील जाखड़ और तरुण चुघ ने भी मानसा में नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि इस घटना ने पंजाब सरकार के ‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ अभियान की वास्तविक स्थिति उजागर कर दी है।
वहीं, BJP के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने कहा कि या तो नशा माफिया पूरी तरह सरकार के नियंत्रण से बाहर हो चुका है या फिर सरकार केवल पैसा इकट्ठा करने तक सीमित रह गई है और लोगों को उनके हाल पर छोड़ दिया गया है।
दूसरी ओर, राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के जरिए आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा, “जो लोग कभी नशे के कारोबार को खत्म करने का वादा करते थे, आज उन्हीं के शासन में केमिस्ट खुलेआम ‘चिट्टा’ बेच रहे हैं और सवाल उठाने वाले कार्यकर्ताओं को खत्म किया जा रहा है।”
पूर्व मंत्री राणा गुरमीत सिंह ने भी इस हत्या के लिए AAP सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने झोटा की हत्या के साथ दो ASI की हत्याओं का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि परविंदर सिंह झोटा की हथियार लाइसेंस हासिल करने की मांग को भी खारिज कर दिया गया था।
नोट: राजनीतिक नेताओं द्वारा लगाए गए आरोपों को उनके बयानों के रूप में प्रस्तुत किया गया है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि इस अनुवाद में नहीं की गई है।

















