अमनिंदर सिंह मान के समर्थन में आये वकील
चंडीगढ़ । राजवीर दीक्षित
पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ की बार एसोसिएशन मंगलवार को मनसा के अधिवक्ता अमनिंदर सिंह मान के समर्थन में काम बंद रखेंगी। अमनिंदर के खिलाफ जुलाई में पंजाब राज्य अनुसूचित जाति आयोग के पूर्व चेयरमैन जसवीर सिंह गढ़ी के खिलाफ कथित जातिसूचक टिप्पणी करने के आरोप में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत FIR दर्ज की गई है।
गौरतलब है कि गढ़ी ने पंजाब राज्य अनुसूचित जाति आयोग के चेयरमैन पद से इस्तीफा दे दिया है और अब आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता हैं।
यह फैसला सोमवार को पंजाब की सभी बार एसोसिएशनों द्वारा अमनिंदर के समर्थन में काम बंद रखने के एक दिन बाद लिया गया है। इससे पहले मनसा जिला और सब-डिविजनल अदालतों में वकीलों ने शुक्रवार और शनिवार को भी काम बंद रखा था।
मनसा के साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में 18 अगस्त को SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत FIR दर्ज की गई थी। हालांकि, मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
मनसा जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एडवोकेट गुरदास सिंह मान ने कहा कि अमनिंदर ने गढ़ी से संबंधित टिप्पणी जरूर की थी, लेकिन SC/ST एक्ट की धाराएं लगाने का कोई औचित्य नहीं था।
उन्होंने कहा कि मनसा की जिला और सब-डिविजनल अदालतों में शुक्रवार और शनिवार को काम बंद रखा गया था। सोमवार को प्रदेश की सभी बार एसोसिएशनों ने अपने साथी वकील के समर्थन में काम बंद रखा। अब ज्वाइंट एक्शन कमेटी ने पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ की सभी बार एसोसिएशनों से मंगलवार को काम बंद रखने की अपील की है।
FIR के अनुसार, अमनिंदर ने 7 जुलाई को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर गढ़ी के खिलाफ कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। इसके बाद पंजाब राज्य अनुसूचित जाति आयोग ने 14 जुलाई को मामले का स्वतः संज्ञान लिया और पुलिस को केस दर्ज करने तथा कार्रवाई की जानकारी देने के निर्देश दिए।
हालांकि, वकीलों ने SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम लागू किए जाने पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सोशल मीडिया पोस्ट में ऐसा कोई कंटेंट नहीं था, जिसके आधार पर इस विशेष कानून के तहत मामला दर्ज किया जाना चाहिए था।














