चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(“Punjab SIR Update “) पंजाब में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के तहत वोटर सूची का पुनरीक्षण तेजी से जारी है। इसी बीच एक बड़ी जानकारी सामने आई है कि यदि किसी नागरिक का नाम वोटर लिस्ट से हट जाता है, तो उसे राज्य सरकार की कई महत्वपूर्ण योजनाओं का लाभ मिलने में परेशानी आ सकती है। इनमें महिलाओं को हर महीने मिलने वाली आर्थिक सहायता और मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना जैसी सुविधाएं भी शामिल हैं। इसलिए सभी पात्र नागरिकों को सलाह दी जा रही है कि वे समय रहते अपना नाम वोटर सूची में जरूर जांच लें और किसी भी त्रुटि की स्थिति में उसे तुरंत ठीक करवाएं।
जानकारी के अनुसार, जिन योजनाओं में वोटर कार्ड को अनिवार्य दस्तावेज माना गया है, उनमें मुख्यमंत्री मावा-धीयां सत्कार योजना और मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना प्रमुख हैं। यदि किसी व्यक्ति का नाम वोटर सूची में नहीं होगा, तो महिलाओं को मिलने वाली मासिक सहायता राशि तथा 10 लाख रुपये तक के कैशलेस इलाज जैसी सुविधाएं प्रभावित हो सकती हैं।
इसके अलावा पंजाब सरकार की सात अन्य योजनाओं में वोटर कार्ड को स्थायी निवास या पहचान के वैकल्पिक दस्तावेज के रूप में स्वीकार किया जाता है। इनमें बुढ़ापा पेंशन, विधवा एवं निराश्रित महिला पेंशन, आश्रम एवं दिव्यांग बच्चों की पेंशन, स्मार्ट राशन कार्ड, पंजाब आशीर्वाद योजना, पंजाब लेबर कार्ड और राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना शामिल हैं।
SIR प्रक्रिया के तहत घर-घर सत्यापन किया जा रहा है। इसके बाद ड्राफ्ट वोटर सूची जारी होगी और नागरिकों को दावे एवं आपत्तियां दर्ज कराने का अवसर मिलेगा। यदि किसी कारणवश आपका नाम सूची से हट गया है, तो निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक दस्तावेज जमा कर इसे दोबारा जुड़वाया जा सकता है।
ऐसे में सभी पंजाबवासियों के लिए जरूरी है कि वे अपना वोटर स्टेटस नियमित रूप से जांचते रहें, ताकि भविष्य में किसी भी सरकारी योजना का लाभ लेने में कोई परेशानी न आए।



















