चंडीगढ़ । राजवीर दीक्षित
(Takht Damdama Sahib Visit Turns Lucky, Wins Rs 1.5 Crore) पंजाब के तलवंडी साबो स्थित तख्त श्री दमदमा साहिब में माथा टेकने पहुंचे 50 वर्षीय उपिंदरजीत सिंह किंगरा के लिए यह धार्मिक यात्रा जिंदगी का सबसे यादगार पल बन गई। मोगा निवासी उपिंदरजीत ने पंजाब स्टेट डियर 200 मंथली लॉटरी का पहला इनाम जीतकर 1.5 करोड़ रुपये अपने नाम कर लिए।
उपिंदरजीत एक निजी कंपनी में सर्विस इंजीनियर के तौर पर काम करते हैं। वह अपनी मां सुरजीत कौर और पत्नी शिंदरपाल कौर के साथ तख्त श्री दमदमा साहिब में माथा टेकने पहुंचे थे। दर्शन और अरदास करने के बाद घर लौटने से पहले उन्होंने एक लॉटरी टिकट खरीदा। कुछ समय बाद उनकी किस्मत बदलने वाली खबर फोन पर मिली।
उपिंदरजीत के मुताबिक, उन्होंने पहले पंजाब के चार अन्य तख्त साहिबों में भी माथा टेका था। इसके बाद तख्त श्री दमदमा साहिब में नतमस्तक होने के बाद उन्होंने 1 अगस्त को लॉटरी टिकट खरीदा और घर के लिए रवाना हो गए। कुछ समय बाद लॉटरी एजेंट का फोन आया और उन्हें बताया गया कि उन्होंने 1.5 करोड़ रुपये का पहला पुरस्कार जीत लिया है।
पहले तो उपिंदरजीत के लिए इस खबर पर विश्वास करना मुश्किल था। हालांकि जब उन्हें अपनी जीत की पुष्टि हुई तो परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई। खास बात यह है कि उन्होंने पहले भी कभी-कभार लॉटरी टिकट खरीदे थे, लेकिन इससे पहले उन्हें कोई पुरस्कार नहीं मिला था।
अपनी इस बड़ी जीत के बाद उपिंदरजीत मंगलवार शाम दोबारा तख्त श्री दमदमा साहिब पहुंचे। उन्होंने यहां वाहेगुरु का शुक्रिया अदा किया और अपनी इस अप्रत्याशित जीत के लिए आभार व्यक्त किया।
उपिंदरजीत ने बताया कि वह इनाम की राशि का इस्तेमाल सबसे पहले अपने बेटे के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए करना चाहते हैं। उनका बेटा पढ़ाई के लिए कनाडा गया हुआ है और अब उसने वर्क परमिट के लिए आवेदन किया है। ऐसे में वह जीत की रकम का एक हिस्सा बेटे की शिक्षा और भविष्य से जुड़ी जरूरतों पर खर्च करेंगे।
इसके अलावा उपिंदरजीत ने इनाम की राशि का एक हिस्सा जरूरतमंद लोगों की मदद और चैरिटी में देने की इच्छा भी जताई है। बाकी रकम का इस्तेमाल वह परिवार की अन्य जरूरतों को पूरा करने के लिए करेंगे।
धार्मिक यात्रा के दौरान खरीदा गया एक लॉटरी टिकट उपिंदरजीत की जिंदगी में अचानक बड़ा बदलाव लेकर आया। तख्त श्री दमदमा साहिब में अरदास के बाद मिली इस जीत को वह वाहेगुरु का आशीर्वाद मान रहे हैं। उनकी कहानी अब सोशल मीडिया और पंजाब में चर्चा का विषय बनी हुई है।



















