Home India सहारनपुर मस्जिद विध्वंस पर सियासत तेज: ओवैसी और अखिलेश ने योगी सरकार...

सहारनपुर मस्जिद विध्वंस पर सियासत तेज: ओवैसी और अखिलेश ने योगी सरकार से पूछे तीखे सवाल

सहारनपुर मस्जिद विध्वंस पर सियासत तेज: ओवैसी और अखिलेश ने योगी सरकार से पूछे तीखे सवाल

सहारनपुर में मस्जिद ढहाए जाने पर मचा बवाल

उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में एक मस्जिद को प्रशासन द्वारा सुबह-सुबह ढहाए जाने की कार्रवाई ने राज्य की राजनीति में भूचाल ला दिया है। स्थानीय प्रशासन का दावा है कि यह निर्माण अवैध था और इसे नियमानुसार हटाया गया है, लेकिन विपक्षी दलों ने इस कार्रवाई के समय और तरीके पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। thetargetnews.in की विशेष रिपोर्ट के अनुसार, यह घटना क्षेत्र में तनाव का विषय बनी हुई है और भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है।

ओवैसी और अखिलेश यादव का सरकार पर हमला

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने इस कार्रवाई की कड़ी निंदा की है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से सरकार से पूछा कि आखिर सुबह 5 बजे बुलडोजर चलाने की क्या जल्दी थी? ओवैसी ने इसे कानून की मनमानी व्याख्या करार दिया है। वहीं, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी सरकार को घेरते हुए कहा कि भाजपा सरकार का ‘बुलडोजर मॉडल’ अब धार्मिक स्थलों को निशाना बना रहा है, जो कि लोकतंत्र के लिए बेहद चिंताजनक है।

thetargetnews.in संवाददाता के अनुसार, स्थानीय प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई किसी भी धार्मिक भावना को आहत करने के लिए नहीं, बल्कि सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए की गई है।

मुख्य बिंदु और विवाद के कारण

  • प्रशासन का तर्क है कि मस्जिद का निर्माण बिना अनुमति के सरकारी जमीन पर किया गया था।
  • विपक्ष का आरोप है कि बिना उचित नोटिस दिए सुबह के अंधेरे में कार्रवाई करना दुर्भावनापूर्ण है।
  • स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश है और वे इसे एक समुदाय को निशाना बनाने की साजिश बता रहे हैं।
  • प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए इलाके में धारा 144 लागू कर दी है।

इस घटना के बाद सहारनपुर के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। हालांकि, विपक्षी नेताओं की ओर से लगातार आ रहे बयानों ने इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना दिया है। आने वाले दिनों में इस मामले पर कानूनी और राजनीतिक खींचतान और बढ़ने के आसार हैं।

Translate »
error: Content is protected !!