(Rebellion in the Akali Dal! District president of the BC wing quits the party) शिरोमणि अकाली दल को झटका लगा है। बीसी विंग के जिला प्रधान और तीन जिलों के इंचार्ज चौधरी श्याम लाल गुज्जर माजरियां ने पार्टी के सभी पदों और प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने संगठन में जमीनी स्तर पर काम करने वाले कार्यकर्ताओं की अनदेखी और पिछड़ा वर्ग को उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिलने पर नाराजगी जताई है।
चंडीगढ़ प्रेस क्लब में पत्रकारों से बातचीत करते हुए माजरियां ने बताया कि उन्होंने अपना लिखित इस्तीफा पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल को भेज दिया है और इसे तत्काल स्वीकार करने का अनुरोध किया है।
खरड़ में बीसी वर्ग को प्रतिनिधित्व नहीं मिलने का आरोप
माजरियां ने दावा किया कि खरड़ विधानसभा क्षेत्र में करीब 80 प्रतिशत आबादी बीसी वर्ग से संबंधित है, लेकिन इसके बावजूद संगठन में इस वर्ग को उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिल रहा। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा सुखबीर बादल के समक्ष भी उठाया गया था, लेकिन उनकी मांग पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने आरोप लगाया कि बीसी वर्ग की अनदेखी केवल खरड़ तक सीमित नहीं है, बल्कि पंजाब के अन्य हिस्सों में भी ऐसी स्थिति देखने को मिल रही है। उनके अनुसार, पार्टी में नियुक्तियां करते समय क्षेत्र की आबादी और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखा जाना चाहिए।
‘किचन कैबिनेट’ पर भी साधा निशाना
माजरियां ने सुखबीर बादल के आसपास रहने वाले नेताओं की भूमिका पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि पार्टी की ‘किचन कैबिनेट’ जमीनी कार्यकर्ताओं की समस्याओं और सुझावों को नेतृत्व तक प्रभावी ढंग से नहीं पहुंचा रही।
उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता गांवों और शहरों में पार्टी के लिए मेहनत करते हैं। ऐसे में उनकी राय और योगदान को नजरअंदाज करना संगठन के हित में नहीं है।


















