चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(“Big change in gas connection rules: Now two gas connections will not be allowed in one house simultaneously”) देशभर में गैस कनेक्शन को लेकर बड़ा बदलाव किया गया है। केंद्र सरकार ने अब “वन हाउस, वन गैस कनेक्शन” नियम को सख्ती से लागू करना शुरू कर दिया है। नए नियमों के अनुसार अब एक ही घर में PNG यानी पाइप्ड नेचुरल गैस और LPG सिलेंडर दोनों एक साथ नहीं रखे जा सकेंगे। अगर किसी घर में पहले से PNG सुविधा मौजूद है तो वहां सब्सिडी वाला घरेलू LPG कनेक्शन सरेंडर करना अनिवार्य होगा।
सरकार के इस फैसले के बाद लाखों उपभोक्ताओं में हलचल मच गई है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के मुताबिक यह नियम 14 मार्च से लागू कर दिया गया है। गैस कंपनियां लगातार सोशल मीडिया और मैसेज के जरिए लोगों को चेतावनी भी भेज रही हैं। नियम का पालन न करने वालों पर कार्रवाई की जा सकती है, जिसमें गैस कनेक्शन बंद होने के साथ जुर्माना भी शामिल है।
सरकार का कहना है कि यह कदम देश में गैस सप्लाई को बेहतर तरीके से मैनेज करने और जरूरतमंद परिवारों तक LPG पहुंचाने के लिए उठाया गया है। भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े स्तर पर विदेशों पर निर्भर है। ऐसे में बढ़ते वैश्विक ऊर्जा संकट और पश्चिम एशिया में तनाव को देखते हुए सरकार गैस संसाधनों का संतुलित इस्तेमाल चाहती है।
रिपोर्ट्स के अनुसार कई शहरों में ऐसे घरों की पहचान शुरू हो चुकी है जहां PNG और LPG दोनों का इस्तेमाल हो रहा है। तेल कंपनियों और गैस एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं कि PNG वाले घरों को नया LPG कनेक्शन या सिलेंडर रिफिल न दिया जाए।
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक अब तक 43 हजार से ज्यादा लोगों ने स्वेच्छा से अपना LPG कनेक्शन सरेंडर कर दिया है। सरकार का उद्देश्य है कि जिन परिवारों तक अभी गैस सुविधा नहीं पहुंची, उन्हें प्राथमिकता दी जाए। इस नए नियम को लेकर सोशल मीडिया पर भी जमकर चर्चा हो रही है और लोग इसे बड़ा बदलाव मान रहे हैं।



















