पंजाब में 44 पकड़े, पाकिस्तानी मार्किंग वाले ग्रेनेड बरामद
चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(Major crackdown on Shahzad Bhatti network; 253 detained across 14 states) स्वतंत्रता दिवस से पहले केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों ने ISI समर्थित आतंकी नेटवर्क ‘शहज़ाद भट्टी नेटवर्क’ के खिलाफ देशभर में बड़ा ऑपरेशन चलाया है। 14 राज्यों में एक साथ की गई कार्रवाई में 253 लोगों को हिरासत में लिया गया, जबकि पंजाब में 44 संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। कार्रवाई के दौरान कई लोगों के खिलाफ FIR भी दर्ज की गई हैं।
जांच एजेंसियों के मुताबिक, आरोपियों पर UAPA, BNS, आर्म्स एक्ट, NDPS एक्ट और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है। छापेमारी के दौरान IED, पाकिस्तान ऑर्डिनेंस फैक्ट्री की मार्किंग वाले ग्रेनेड, पिस्टल, जिंदा कारतूस और निगरानी के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले CCTV कैमरे बरामद किए जाने का दावा किया गया है।
14 राज्यों में एक साथ कार्रवाई
सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई के दौरान उत्तर प्रदेश से 62, हरियाणा से 52, दिल्ली से 51 और पंजाब से 44 लोगों को हिरासत में लिया गया। एजेंसियों का कहना है कि नेटवर्क के खिलाफ अब तक 80 से ज्यादा FIR दर्ज की जा चुकी हैं और 200 से अधिक गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।
पाकिस्तान से बैठकर पंजाब में नेटवर्क चलाने का आरोप
जांच में सामने आया है कि शहज़ाद भट्टी विदेश में बैठकर सोशल मीडिया और WhatsApp के जरिए पंजाब में अपने संपर्कों के साथ जुड़ा रहता था। आरोप है कि नेटवर्क में स्थानीय युवाओं को जोड़कर उनसे रेकी, लॉजिस्टिक्स और हमलों से जुड़े काम करवाए जाते थे।
जालंधर में मार्च 2025 में यूट्यूबर रोजर संधू के घर हुए ग्रेनेड हमले की जांच में भी NIA ने शहज़ाद भट्टी को साजिश से जोड़ा है। एजेंसी के मुताबिक, भट्टी के खिलाफ पंजाब में करीब 15 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें आतंकवाद, आपराधिक साजिश और रंगदारी जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं।
एजेंसियों की पैनी नजर
जांच एजेंसियों के अनुसार, शहज़ाद भट्टी पाकिस्तान में बैठकर नेटवर्क को निर्देश देता था और स्थानीय लोगों के जरिए पंजाब में गतिविधियां चलाने की कोशिश करता था। अब ताजा कार्रवाई के बाद सुरक्षा एजेंसियां हिरासत में लिए गए लोगों के संपर्कों, हथियारों के स्रोत और सीमा-पार कनेक्शन की जांच में जुटी हैं।
सुरक्षा एजेंसियों का फोकस अब यह पता लगाने पर है कि नेटवर्क में और कितने लोग जुड़े हुए हैं और पंजाब में किन-किन जगहों पर इसकी गतिविधियां सक्रिय थीं।



















