टारगेट न्यूज़ ब्यूरो: बिहार के मधुबनी जिले में शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने और सरकारी स्कूलों की तस्वीर बदलने के लिए ‘मिशन कायाकल्प’ का आगाज किया गया है। इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य उद्देश्य जिले के शैक्षणिक संस्थानों में बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाना और छात्रों को बेहतर माहौल प्रदान करना है।
बुनियादी ढांचे में होगा बड़ा बदलाव
मिशन कायाकल्प के तहत जिले के चयनित स्कूलों में क्लासरूम की मरम्मत, पेयजल की सुविधा, और स्वच्छ शौचालय का निर्माण प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। इसके अलावा, स्कूलों में स्मार्ट क्लास और डिजिटल लाइब्रेरी की स्थापना पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है ताकि ग्रामीण क्षेत्र के बच्चे भी तकनीक से जुड़ सकें।
प्रशासन की क्या है तैयारी?
जिला शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि मिशन कायाकल्प केवल पेंट-पुताई तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका लक्ष्य स्कूलों में एक सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण तैयार करना है। हम हर स्कूल की जरूरतों का आकलन कर रहे हैं ताकि संसाधनों का सही उपयोग सुनिश्चित हो सके।
मिशन के प्रमुख बिंदु
- स्कूलों में आधुनिक फर्नीचर और स्मार्ट क्लासरूम की व्यवस्था।
- स्वच्छ पेयजल और अलग-अलग शौचालय परिसरों का निर्माण।
- खेलकूद के लिए मैदान का विकास और खेल सामग्री की उपलब्धता।
- स्कूल परिसरों की चारदीवारी और सौंदर्यीकरण।
स्थानीय अभिभावकों और शिक्षाविदों ने इस पहल का स्वागत किया है। उम्मीद जताई जा रही है कि इस मिशन के सफल क्रियान्वयन से न केवल स्कूलों में नामांकन दर बढ़ेगी, बल्कि बच्चों के सीखने के स्तर में भी उल्लेखनीय सुधार देखने को मिलेगा। प्रशासन ने इस कार्य की निगरानी के लिए विशेष टीमों का गठन भी किया है।



















