चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(“4 Arrested, Including Ashok Chakra Awardee Soldier, in Case of Robbing and Kidnapping 72-Year-Old Elderly Man”) देश की राजधानी दिल्ली से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने हर किसी को हैरान कर दिया। दक्षिणी दिल्ली के पॉश इलाके सैनिक फार्म में रहने वाले 72 साल के एक चार्टर्ड अकाउंटेंट को कथित तौर पर पहले ‘हनी ट्रैप’ में फंसाया गया, फिर उनके साथ मारपीट कर उन्हें अगवा कर लिया गया। सबसे ज्यादा हैरान करने वाली बात ये है कि इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों में एक अशोक चक्र विजेता फौजी जवान भी शामिल है।
पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने बुजुर्ग के घर में घुसकर नकदी, गहने और जरूरी दस्तावेज लूट लिए। इसके बाद उन्हें उनकी ही कार में जबरन बैठाकर अगवा कर लिया गया। इतना ही नहीं, आरोपियों ने बुजुर्ग से 50 लाख रुपये की फिरौती मांगने की भी कोशिश की। हालांकि जब उनकी योजना सफल नहीं हुई तो आरोपियों ने पीड़ित को हरियाणा में दिल्ली-मुंबई हाईवे के पास छोड़ दिया और फरार हो गए।
जांच के दौरान पुलिस ने 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें हरियाणा के फतेहाबाद निवासी सुरिंदर, महिला आरोपी कल्पना कुमारी और उसके दो साथी कुलदीप व सुशील शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि सुरिंदर भारतीय सेना का जवान है और उसे 2022 में देश के सर्वोच्च शौर्य सम्मान ‘अशोक चक्र’ से सम्मानित किया गया था। बताया जा रहा है कि जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा में तैनाती के दौरान वह आतंकियों की गोली का शिकार हुआ था।
अब इस पूरे मामले ने कई बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर एक सम्मानित फौजी जवान का नाम ऐसे गंभीर अपराध में कैसे सामने आया? पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।



















