हरोली । राजवीर दीक्षित
(Preparations for Bulk Drug Park in Haroli, Himachal, gain momentum)विधानसभा में उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि हरोली का बल्क ड्रग पार्क मार्च 2027 तक चालू हो जाएगा। दूसरी ओर, बीजेपी ने सरकार को घेरते हुए कहा कि युवाओं के लिए रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं बनाए जा रहे हैं।
युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित करने से जुड़े विषय पर विधानसभा में चर्चा हुई। नैना देवी विधायक रणधीर शर्मा, धर्मशाला विधायक सुधीर शर्मा, सुंदरनगर विधायक राकेश जम्वाल, चुराह विधायक हंस राज और झंडूता विधायक जेआर कटवाल ने नियम 130 के तहत यह मुद्दा उठाया था, जिस पर उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने जवाब दिया।
मंत्री के मुताबिक, रेड कैटेगरी में शामिल होने के कारण बल्क ड्रग पार्क की पर्यावरण मंज़ूरी में कुछ देरी हुई। हालांकि, अब सभी जरूरी मंज़ूरियां हासिल कर ली गई हैं। टेंडर जारी हो चुके हैं और प्रोजेक्ट के लिए प्लॉट भी तैयार किए जा चुके हैं।
उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि हरोली में बन रहा बल्क ड्रग पार्क केंद्र और हिमाचल सरकार की बराबर हिस्सेदारी से तैयार हो रहा है। उनके मुताबिक, भविष्य में यह प्रोजेक्ट नालागढ़ के मेडिकल डिवाइसेस पार्क से कहीं अधिक फायदेमंद साबित हो सकता है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने मेडिकल डिवाइसेस पार्क को राज्यहित में उचित नहीं मानते हुए केंद्र को ब्याज समेत 33 करोड़ रुपये लौटा दिए हैं।
मेडिकल डिवाइसेस पार्क को लेकर मंत्री ने पिछली बीजेपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि निवेशकों को करीब 1,500 बीघा जमीन, जिसकी कीमत 150 करोड़ रुपये थी, कम कीमत पर दी गई और लगभग 200 करोड़ रुपये की मुफ्त बिजली भी उपलब्ध कराई गई। मंत्री के अनुसार, पार्क का 90 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। अब बची जमीन उन्हीं निवेशकों को मिलेगी, जो निर्धारित कीमत का 40 प्रतिशत भुगतान करेंगे। परियोजना में केंद्र से 100 करोड़ और राज्य से 250 करोड़ रुपये के योगदान की उम्मीद थी।
बीजेपी विधायक रणधीर शर्मा ने कांग्रेस सरकार पर रोजगार के मुद्दे को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सत्ता में आने के 45 महीनों के दौरान सरकार 1,000 से भी कम लोगों को नौकरी दे पाई है, जिनमें अधिकांश पद नियमित नहीं हैं। शर्मा ने मेडिकल डिवाइसेस पार्क को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि केंद्र से मिले फंड को वापस करना पड़ा। उन्होंने कहा कि बल्क ड्रग पार्क की मंजूरी लेने में भी सरकार को करीब तीन साल लग गए, जबकि केंद्र से उपलब्ध फंड का उपयोग नहीं हो सका।
हिमाचल में रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज हो गई है। जामवाल, सुधीर शर्मा, हंस राज और कटवाल ने सरकार पर चुनावी वादा पूरा न करने का आरोप लगाया। नेताओं ने कहा कि हर साल एक लाख नौकरियां देने का वादा किया गया था, लेकिन युवाओं को अपेक्षित रोजगार नहीं मिला। जामवाल ने सरकार के भांग की खेती और लॉटरी जैसे राजस्व उपायों पर भी निशाना साधा।



















