द टारगेट न्यूज़:
शुक्रवार को शिरोमणि अकाली दल (SAD) को संगठनात्मक स्तर पर एक बड़ी मजबूती मिली, जब वरिष्ठ नेता, पूर्व मंत्री और सांसद प्रोफेसर प्रेम सिंह चंदूमाजरा अपने बेटे व पूर्व विधायक हरविंदरपाल सिंह चंदूमाजरा के साथ वापस पार्टी में शामिल हो गए। इस औपचारिक वापसी के दौरान SAD अध्यक्ष सुखबीर सिंह Badal, SGPC सदस्य जरनैल सिंह करतारपुर और पटियाला व फतेहगढ़ साहिब क्षेत्रों से पुनर सुरजित अकाली दल के अन्य नेता भी मौजूद रहे। पार्टी में लौटने से पहले चंदूमाजरा और उनके समर्थकों ने पंथक एकता की जरूरत का हवाला देते हुए ‘शिरोमणि अकाली दल (पुनर सुरजित)’ के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था। पिता-पुत्र की इस जोड़ी का स्वागत करते हुए सुखबीर बादल ने हरविंदरपाल सिंह चंदूमाजरा को सनाउर विधानसभा क्षेत्र के लिए पार्टी का हलका इंचार्ज घोषित किया। बादल ने अन्य नेताओं से भी पार्टी में वापस लौटने का आह्वान किया और दावा किया कि एकजुट अकाली दल आगामी चुनावों में पटियाला जिले की सभी विधानसभा सीटें जीतेगा। इस अवसर पर बोलते हुए प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने कहा कि राजनीतिक विरोधियों, विशेषकर कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (AAP) के खिलाफ पंथक एकता की SAD की अपील से प्रेरित होकर उन्होंने यह कदम उठाया है। उन्होंने 2 दिसंबर 2024 को अकाल तख्त द्वारा जारी किए गए हुक्मनामे का भी जिक्र किया, जिसमें विभिन्न अकाली धड़ों को एकजुट होने का आग्रह किया गया था। इस बीच, एक अन्य घटनाक्रम में SAD नेता बिक्र्रम सिंह मजीठिया ने सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी सरकार पर सिविल सेवा परीक्षा परिणामों में बड़े पैमाने पर भर्ती घोटाले में शामिल होने का आरोप लगाया। 4 नवंबर को पंजाब लोक सेवा आयोग द्वारा घोषित परिणामों में अभ्यर्थियों ने अनियमितताओं का आरोप लगाया था, जिसके बाद मजीठिया ने चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में कुछ अभ्यर्थियों को लाकर चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग का समर्थन किया और उच्च न्यायालय की देखरेख में जांच कराने की मांग की।













