सोनीपत। राजवीर दीक्षित
(Professor at DCRUST accused of molestation; 38 female students protest) दीनबंधु छोटूराम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (DCRUST), मुरथल में एक प्रोफेसर पर छात्राओं ने यौन उत्पीड़न और अभद्र व्यवहार के गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्राओं का कहना है कि प्रोफेसर के व्यवहार से वे असहज और असुरक्षित महसूस कर रही हैं। विरोध में शुक्रवार को करीब 38 छात्राओं ने सांकेतिक प्रदर्शन किया और कार्रवाई की मांग उठाई।
छात्राओं का आरोप है कि प्रोफेसर क्लास में कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणियां करते हैं, घूरते हैं और गलत तरीके से छूने की कोशिश करते हैं। छात्राओं के मुताबिक, उनसे निजी और आपत्तिजनक सवाल भी पूछे गए। उन्होंने दावा किया कि इस व्यवहार के कारण कई छात्राएं प्रोफेसर की क्लास में जाने से डरती हैं।
तीन शिकायतों के बाद भी कार्रवाई नहीं होने का आरोप
छात्राओं के अनुसार, उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन को 19, 20 और 21 अगस्त को शिकायतें दी थीं। उनका आरोप है कि शिकायतों के बावजूद समय पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। प्रदर्शन की चेतावनी के बाद जांच कमेटी गठित की गई, लेकिन बाद में उसे हटा दिया गया।
छात्राओं ने अब मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मामले में हस्तक्षेप कर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
क्लास में आपत्तिजनक टिप्पणियों का आरोप
छात्राओं ने आरोप लगाया कि प्रोफेसर कक्षा में लड़कियों पर आपत्तिजनक टिप्पणियां करते थे और निजी जिंदगी से जुड़े सवाल पूछते थे। कुछ छात्राओं ने गलत तरीके से छूने और असहज करने वाली बातचीत के भी आरोप लगाए हैं।
छात्राओं का कहना है कि प्रोफेसर के क्लास में आते ही उन्हें डर और असुरक्षा महसूस होती है। कुछ छात्राओं ने दावा किया कि कैंपस में प्रोफेसर दिखाई देने पर वे रास्ता बदलने तक को मजबूर हो जाती हैं।
सोमवार को होगी अहम बैठक
छात्राओं के मुताबिक, विश्वविद्यालय प्रशासन ने उन्हें मामले पर कार्रवाई का भरोसा दिया है। इंटरनल कंप्लेंट कमेटी (ICC) की ओर से दोनों पक्षों की बात सुनी गई है। अब सोमवार दोपहर 3:30 बजे बैठक प्रस्तावित है, जिसमें मामले को लेकर आगे का निर्णय लिया जाएगा।
VC बोले- दोषी हुआ तो कार्रवाई होगी
DCRUST के VC प्रो. श्रीप्रकाश सिंह ने बताया कि प्रोफेसर के खिलाफ शिकायत मिलने के बाद रजिस्ट्रार की अध्यक्षता में कमेटी बनाकर जांच कराई गई थी। बाद में मामला इंटरनल कंप्लेंट कमेटी को भेज दिया गया।
उन्होंने कहा कि शुक्रवार को ICC ने दोनों पक्षों को सुना है और सुनवाई के बाद निर्णय लिया जाएगा। VC ने स्पष्ट किया कि दोषी कोई भी हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा और विश्वविद्यालय में छात्रों की सुरक्षा प्रशासन की जिम्मेदारी है।
वहीं, हरियाणा के खेल मंत्री गौरव गौत्तम ने भी मामले की जांच कराने और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई का भरोसा दिया है।



















