कैथल। टारगेट न्यूज नेटवर्क
ऑनलाइन फूड डिलीवरी कंपनी ब्लिंकिट के सेंटर पर गुलाब जामुन को लेकर ग्राहक और कर्मचारियों के बीच विवाद का मामला सामने आया है। ग्राहक ने आरोप लगाया कि ऑनलाइन ऑर्डर किए गए गुलाब जामुन से बदबू आ रही थी। शिकायत के बाद रिफंड को लेकर हुए विवाद का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
कैथल की पुरानी सब्जी मंडी निवासी विशाल कुमार के मुताबिक, उन्होंने बुधवार रात करीब 10 बजे खाना खाने के बाद मुंह मीठा करने के लिए ब्लिंकिट से गुलाब जामुन ऑर्डर किए थे। सामान पहुंचने के बाद उनकी मां ने एक गुलाब जामुन खाया, जिसके बाद उन्हें उल्टी जैसा महसूस हुआ। इसके बाद डिब्बे में मौजूद गुलाब जामुन से तेज दुर्गंध आने का आरोप लगाया गया।
रिफंड को लेकर शुरू हुआ विवाद
विशाल ने बताया कि उन्होंने ऐप के माध्यम से शिकायत की। इसके बाद डिलीवरी एजेंट मौके पर पहुंचा, लेकिन कथित तौर पर रिफंड देने से इनकार कर दिया गया। ग्राहक का आरोप है कि डिब्बा खुला होने का हवाला देकर रिफंड नहीं दिया गया।
इसके बाद विशाल गुलाब जामुन का डिब्बा लेकर ढांड रोड स्थित ब्लिंकिट सेंटर पहुंच गए। उन्होंने सामान वापस लेने और रिफंड देने की मांग की। इसी दौरान ग्राहक और कर्मचारियों के बीच बहस हो गई।
‘कर्मचारी गुलाब जामुन खा ले तो रिफंड नहीं लूंगा’
वायरल वीडियो में ग्राहक कर्मचारियों से गुलाब जामुन खराब होने की शिकायत करता नजर आ रहा है। वह कथित तौर पर कहता है कि अगर सेंटर में मौजूद कोई कर्मचारी एक गुलाब जामुन खाकर दिखा दे तो वह रिफंड नहीं लेगा।
ग्राहक ने यह भी कहा कि उसके पास खुद चार दुकानें हैं और वह ग्राहकों को खराब सामान नहीं देता। उसने मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर डालने की बात भी कही।
मैनेजर पर भी लगाए आरोप
विशाल का आरोप है कि सेंटर में मौजूद मैनेजर ने सामान बदलने से इनकार किया और कथित तौर पर कहा- ‘जो आपसे बनता है, कर लो।’ हालांकि, ब्लिंकिट के कैथल मैनेजर ने इन आरोपों से इनकार किया है।
मैनेजर ने कहा कि उन्होंने ग्राहक के साथ कोई बदतमीजी नहीं की और न ही उन्हें इस तरह की बात कही। उन्होंने मामले पर इससे ज्यादा प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया।
FSSAI में शिकायत की तैयारी
विशाल ने कहा कि वह मामले की शिकायत FSSAI में करेंगे। उनका कहना है कि लोग भरोसे के साथ ऑनलाइन खाने-पीने का सामान मंगवाते हैं, इसलिए डिलीवरी किए गए खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता को लेकर कंपनियों को जिम्मेदारी तय करनी चाहिए।
फिलहाल वायरल वीडियो के आधार पर सामने आए आरोपों और ग्राहक की शिकायत को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। मामले में संबंधित खाद्य उत्पाद की गुणवत्ता की स्वतंत्र जांच होने के बाद ही इसकी वास्तविक स्थिति सामने आ सकेगी।


















