शिमला । राजवीर दीक्षित
(Fire in Shimla! Five houses reduced to ashes; aid announced for affected families) जुब्बल तहसील के धार गांव में वीरवार देर रात एक भीषण अग्निकांड ने भारी तबाही मचा दी। रात करीब 11 बजकर 45 मिनट पर अचानक आग लगने की सूचना मिली, जिसके बाद गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और इसकी चपेट में पांच मकान पूरी तरह जलकर राख हो गए।
कुछ ही देर में पांच परिवारों के आशियाने आग की लपटों में तब्दील हो गए और देखते ही देखते उनकी वर्षों की मेहनत से बनाया गया घर राख के ढेर में बदल गया।
इस भीषण अग्निकांड में नानक चंद चौहान, हरनाम सिंह धाल्टा, नरेंद्र सिंह धाल्टा, गिंदा देवी और अनिल धान्टा के मकान पूरी तरह जल गए। हादसे में पांच परिवार प्रभावित हुए हैं और उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा है।
आग लगने की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और अग्निशमन विभाग की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। टीमों ने आग पर काबू पाने के लिए राहत और बचाव कार्य शुरू किया और आग को नियंत्रित करने के प्रयास किए।
हालांकि आग इतनी भीषण थी कि इसे बुझाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। फिलहाल आग लगने के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाया है। प्रशासन की ओर से अग्निकांड में हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है, ताकि प्रभावित परिवारों को हुए नुकसान की पूरी जानकारी सामने आ सके।
इस हादसे ने पांच परिवारों को मुश्किल में डाल दिया है और अब उनके सामने अपने आशियाने और रोजमर्रा की जिंदगी को दोबारा खड़ा करने की बड़ी चुनौती है।
उधर, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने धार गांव में हुए इस अग्निकांड पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने हादसे में प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में प्रदेश सरकार और प्रशासन प्रभावित परिवारों के साथ खड़े हैं।
शिक्षा मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को अग्निकांड में हुए नुकसान का तत्काल आकलन करने और प्रभावित परिवारों को तुरंत राहत उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए हैं।
साथ ही उन्होंने कहा है कि प्रभावित परिवारों को आपदा राहत नियमावली के तहत उचित सहायता दिलाने के लिए मामला मुख्यमंत्री के समक्ष उठाया जाएगा।फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता नुकसान का पूरा आकलन करना और प्रभावित परिवारों तक राहत पहुंचाना है। वहीं, आग आखिर किन परिस्थितियों में लगी, इसका जवाब जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा


















