नया नंगल। राजवीर दीक्षित
(Allegations that factory chemicals have turned the water toxic! Villagers launch a protest.) PACL फैक्ट्री नया नंगल से निकलने वाले केमिकल को लेकर पंजाब और हिमाचल के करीब 15 से 20 गांवों के लोगों में चिंता बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि फैक्ट्री से जुड़े केमिकल के कारण क्षेत्र का भूजल बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इससे पीने और सिंचाई के पानी का संकट पैदा होने के साथ-साथ खेती पर भी असर पड़ रहा है।
ग्रामीणों के मुताबिक, नंगल तहसील के करीब 15 गांवों और हिमाचल के लगभग 5 गांवों में भूजल में केमिकल की मात्रा बढ़ने की समस्या सामने आ रही है। उनका कहना है कि पानी की गुणवत्ता प्रभावित होने से लोगों को स्वास्थ्य संबंधी गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, जबकि खेतों में फसलों को भी नुकसान पहुंचने की बात कही जा रही है।
पानी ही नहीं, हवा और गैस लीकेज को लेकर भी चिंता
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि समस्या सिर्फ पानी के प्रदूषण तक सीमित नहीं है। क्षेत्र में हवा और ध्वनि प्रदूषण के साथ-साथ समय-समय पर होने वाली गैस लीकेज की घटनाओं को लेकर भी लोगों में डर बना रहता है।
ग्रामीणों का कहना है कि गैस लीकेज या किसी अन्य औद्योगिक घटना की आशंका के चलते आसपास के गांवों के लोगों को हमेशा चिंता में रहना पड़ता है।
फैक्ट्री प्रबंधन के साथ हुई अहम बैठक
समस्या के समाधान को लेकर पंजाब और हिमाचल के करीब 15-20 गांवों के किसान, सरपंच, नंबरदार और अन्य प्रमुख लोगों की फैक्ट्री प्रबंधन के अधिकारियों के साथ बैठक हुई।
बैठक में ग्रामीणों ने क्षेत्र में प्रदूषण से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया और इनके स्थायी एवं ठोस समाधान की मांग की।
फैक्ट्री के उच्च अधिकारियों ने ग्रामीणों को समस्या के समाधान का भरोसा दिया। साथ ही सितंबर को फैक्ट्री के MD के साथ बैठक करवाने का आश्वासन भी दिया गया।
ग्रामीणों की दो टूक—समाधान नहीं हुआ तो होगा बड़ा संघर्ष
बैठक में मौजूद गांवों के जिम्मेदार लोगों ने एक सुर में फैक्ट्री प्रबंधन से जल्द से जल्द समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की। ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि अगर जल्द कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया तो उन्हें बड़े संघर्ष का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
अब ग्रामीणों की नजरें फैक्ट्री के MD के साथ प्रस्तावित बैठक और उसमें होने वाले फैसलों पर टिकी हैं।



















