चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(“Open the “Digital” wedding card carefully! As soon as he clicked it, ₹5 lakh disappeared from the businessman’s account”) डिजिटल दौर ने जहां लोगों की जिंदगी आसान बनाई है, वहीं साइबर ठगों ने भी लोगों को निशाना बनाने के नए-नए तरीके खोज लिए हैं। बेंगलुरु से सामने आया एक चौंकाने वाला मामला हर स्मार्टफोन यूजर के लिए बड़ी चेतावनी बन गया है। यहां 42 वर्षीय कारोबारी नूर नाहिद खान को व्हाट्सऐप पर आया एक “डिजिटल शादी कार्ड” 5 लाख रुपये से भी ज्यादा महंगा पड़ गया।
दरअसल, कारोबारी को एक अनजान नंबर से व्हाट्सऐप मैसेज मिला, जिसमें लिखा था, “हमें आपको अपनी शादी में बुलाते हुए खुशी हो रही है, कृपया कार्यक्रम की पूरी जानकारी के लिए अटैच किया गया निमंत्रण पत्र डाउनलोड करें।” मैसेज के साथ एक APK फाइल भेजी गई थी। जैसे ही कारोबारी ने उस फाइल को डाउनलोड किया, साइबर ठगों ने उसके मोबाइल का पूरा कंट्रोल अपने हाथ में ले लिया। महज 9 मिनट के अंदर उसके बैंक खाते से 5,00,440 रुपये UPI ट्रांजैक्शन के जरिए निकाल लिए गए।
पुलिस जांच में पता चला कि APK फाइल के जरिए फोन में एक खतरनाक ऐप इंस्टॉल हो गई थी, जिसने Google Pay, बैंकिंग ऐप्स और कैमरे तक की पहुंच हासिल कर ली। फिलहाल पुलिस ने IT एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
साइबर एक्सपर्ट्स ने लोगों को चेतावनी दी है कि कभी भी अनजान नंबरों से आई .apk फाइल डाउनलोड न करें। असली डिजिटल शादी कार्ड आमतौर पर PDF, JPEG या MP4 फॉर्मेट में होते हैं। छोटी सी लापरवाही आपकी मेहनत की पूरी कमाई को खतरे में डाल सकती है। सतर्क रहें और अपने परिवार को भी ऐसे साइबर फ्रॉड से जागरूक करें।



















