द टारगेट न्यूज़:
### मोहाली में पराली जलाने की पहली घटना
मोहाली जिले में इस सीजन में पराली जलाने का पहला मामला सामने आया है। लालड़ू के निकट राजोमजरा गांव में 3 नवंबर को फसल अवशेषों में आग लगाने के आरोप में पुलिस ने एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है। यह कार्रवाई लेहली पुलिस चौकी के सहायक उप-निरीक्षक (ASI) तरसेम सिंह के बयान पर की गई है। ### कानूनी कार्रवाई और प्रावधान
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत मामला दर्ज किया है, जो लोक सेवक द्वारा विधिवत प्रख्यापित आदेश की अवज्ञा से संबंधित है। शिकायत के अनुसार, आरोपी ने जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी निषेधाज्ञा का उल्लंघन किया है, जिससे स्थानीय निवासियों को काफी असुविधा हुई। इस धारा के तहत दोषी पाए जाने पर छह महीने तक की कैद या 2,500 रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। यदि यह कृत्य मानव जीवन या स्वास्थ्य के लिए खतरा पैदा करता है, तो सजा एक साल तक की कैद या 5,000 रुपये तक का जुर्माना हो सकती है। ### राज्य में बढ़ते मामले और प्रशासनिक सतर्कता
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं में तेजी देखी जा रही है। मंगलवार को राज्य में एक ही दिन में 584 मामले दर्ज किए गए, जो इस सीजन का अब तक का उच्चतम आंकड़ा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने पंजाब के सात जिलों- फरीदकोट, फिरोजपुर, बरनाला, बठिंडा, पटियाला, मलेरकोटला और संगरूर के अधिकारियों को निगरानी और प्रवर्तन उपाय तेज करने के निर्देश दिए हैं। इन जिलों के उपायुक्तों और पुलिस अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर प्रशासन की तैयारियों का जायजा लिया गया है।


















