द टारगेट न्यूज डेस्क।
(“New Passport Rules 2026: Passport Fees Revised from July 1”) भारत सरकार के विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट से जुड़े नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए 1 जुलाई 2026 से नई शुल्क संरचना लागू करने का फैसला किया है। मंत्रालय द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, पासपोर्ट (संशोधन) नियम, 2026 के तहत अब सभी प्रकार के पासपोर्ट, री-इश्यू, खोए या क्षतिग्रस्त पासपोर्ट के प्रतिस्थापन और अन्य सेवाओं की फीस संशोधित कर दी गई है।
नई व्यवस्था के तहत सबसे बड़ी राहत 8 वर्ष तक के बच्चों और 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को दी गई है। इन दोनों वर्गों को भारत में पहली बार नया पासपोर्ट बनवाने पर 10 प्रतिशत शुल्क छूट मिलेगी। हालांकि यह छूट केवल फ्रेश आवेदन पर लागू होगी, री-इश्यू पर नहीं।
18 वर्ष या उससे अधिक आयु के आवेदकों के लिए 36 पेज के नए या री-इश्यू पासपोर्ट की फीस सामान्य श्रेणी में 2,500 रुपये और तत्काल श्रेणी में 5,000 रुपये होगी। वहीं 60 पेज के पासपोर्ट के लिए सामान्य शुल्क 3,500 रुपये तथा तत्काल शुल्क 6,000 रुपये निर्धारित किया गया है।
18 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए 36 पेज के नए या री-इश्यू पासपोर्ट की फीस सामान्य श्रेणी में 1,750 रुपये और तत्काल श्रेणी में 4,250 रुपये होगी। यदि पासपोर्ट खो जाता है या क्षतिग्रस्त हो जाता है तो उसके प्रतिस्थापन के लिए अलग-अलग श्रेणियों के अनुसार अधिक शुल्क देना होगा।
इसके अलावा पुलिस क्लियरेंस सर्टिफिकेट (PCC), सरेंडर सर्टिफिकेट, ग्लोबल एंट्री प्रोग्राम वेरिफिकेशन और अन्य प्रमाणपत्रों के लिए 750 रुपये शुल्क तय किया गया है। वयस्कों के पासपोर्ट की वैधता 10 वर्ष और नाबालिगों के पासपोर्ट की वैधता 5 वर्ष या 18 वर्ष की आयु तक, जो पहले हो, रहेगी। नई फीस और नियम 1 जुलाई 2026 से पूरे देश में लागू हो जाएंगे।



















