चंडीगढ़। राजवीर दीक्षित
(CBSE Opens Class 12 Re-Evaluation Portal, Introduces Major Changes in Post-Result Process) केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (Central Board of Secondary Education) ने कक्षा 12 के विद्यार्थियों के लिए री-इवैल्यूएशन और अंकों के सत्यापन (Verification of Marks) का पोर्टल शुरू कर दिया है। यह कदम उन छात्रों के लिए राहत लेकर आया है जो अपने परीक्षा परिणाम से संतुष्ट नहीं हैं और अपनी उत्तर पुस्तिकाओं की दोबारा जांच करवाना चाहते हैं। बोर्ड ने बताया कि पोर्टल को शुरू करने में थोड़ी देरी हुई क्योंकि प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने के लिए तकनीकी सुधार और सिस्टम परीक्षण किए गए थे।
CBSE ने इस वर्ष पोस्ट रिजल्ट गतिविधियों (Post Result Activities) की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं। नई व्यवस्था के तहत विद्यार्थियों को सबसे पहले अपनी मूल्यांकित उत्तर पुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी प्राप्त करनी होगी। इसके बाद ही वे अंकों के सत्यापन या री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन कर सकेंगे। बोर्ड का कहना है कि इससे छात्रों को अपनी कॉपियों का स्वयं मूल्यांकन करने का अवसर मिलेगा और वे केवल उन्हीं प्रश्नों के लिए पुनर्मूल्यांकन का अनुरोध कर सकेंगे जिनमें उन्हें त्रुटि की संभावना लगती है।
नई फीस संरचना के अनुसार, अंकों के सत्यापन के लिए प्रति विषय 100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है, जबकि री-इवैल्यूएशन के लिए प्रति प्रश्न 25 रुपये का भुगतान करना होगा। छात्रों को अपनी उत्तर पुस्तिका और मार्किंग स्कीम देखने के बाद उन प्रश्नों की पहचान करनी होगी जिन्हें वे दोबारा जांच के लिए भेजना चाहते हैं।
यह फैसला ऐसे समय में आया है जब CBSE की ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली को लेकर छात्रों और शिक्षकों द्वारा मूल्यांकन संबंधी गड़बड़ियों और तकनीकी समस्याओं की शिकायतें उठाई गई थीं। शिक्षा मंत्रालय भी इन मुद्दों की समीक्षा कर रहा है। बोर्ड का दावा है कि नई प्रक्रिया पारदर्शिता बढ़ाने और विद्यार्थियों को अधिक अधिकार देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।



















