Home Political खास खबर: पंजाब में SAD-BJP गठबंधन की चर्चा तेज, ‘पुनर् सुरजीत’ गुट के नेताओं से भी साधा जा रहा संपर्क

खास खबर: पंजाब में SAD-BJP गठबंधन की चर्चा तेज, ‘पुनर् सुरजीत’ गुट के नेताओं से भी साधा जा रहा संपर्क

खास खबर: पंजाब में SAD-BJP गठबंधन की चर्चा तेज, ‘पुनर् सुरजीत’ गुट के नेताओं से भी साधा जा रहा संपर्क

चंडीगढ़ । राजवीर दीक्षित

शिरोमणि अकाली दल (पुनर् सुरजीत) गुट भी पंजाब में शिरोमणि अकाली दल (SAD) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच संभावित प्री-पोल गठबंधन को लेकर चल रही बातचीत का हिस्सा है।
विश्वसनीय सूत्रों से पता चला है कि गुट के वरिष्ठ नेताओं से 2027 के विधानसभा चुनावों में संभावित रूप से साथ चुनाव लड़ने को लेकर बातचीत की जा रही है।
हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि वे किस व्यवस्था के तहत चुनाव लड़ेंगे, लेकिन संभावना जताई जा रही है कि वे SAD के पारंपरिक ‘तराजू’ चुनाव चिन्ह पर मैदान में उतर सकते हैं। इन नेताओं ने 11 अगस्त 2025 को सुखबीर बादल के नेतृत्व वाली पार्टी से अलग होने का फैसला किया था।
सूत्रों के मुताबिक, बड़े गठबंधन के लिए जिन प्रमुख नेताओं से संपर्क साधा जा रहा है, उनमें बीबी जागीर कौर, गुरप्रताप सिंह वडाला, प्रेम सिंह चंदूमाजरा और गोबिंद सिंह लोंगोवाल सहित अन्य नेता शामिल हैं।
खास बात यह है कि ये सभी नेता 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान SAD का हिस्सा थे। उस चुनाव में SAD करीब 49 विधानसभा सीटों पर BJP से आगे रही थी, जबकि बाकी सीटों पर BJP ने अकाली दल से बेहतर प्रदर्शन किया था।
गठबंधन को लेकर जारी बातचीत में 2025 में सुखबीर बादल से अलग हुए 10 प्रमुख अकाली नेताओं का मुद्दा भी अहम माना जा रहा है।
पुनर् सुरजीत अकाली दल के उपरोक्त नेताओं के अलावा जस्टिस निर्मल सिंह, हरमीत सिंह संधू, इकबाल सिंह झूंदन, मनप्रीत सिंह अयाली, हरदीप सिंह ढिल्लों, गुरिकबाल सिंह महल और सुखविंदर सुखी भी अब सुखबीर बादल के नेतृत्व वाले गुट का हिस्सा नहीं हैं। मनप्रीत सिंह अयाली बाद में ‘वारिस पंजाब दे’ में शामिल हो गए।
BJP के एक वरिष्ठ सूत्र ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में जिन 49 विधानसभा सीटों पर SAD, BJP से आगे थी, उनमें से 10 सीटों के उम्मीदवार अब SAD छोड़ चुके हैं। सीट बंटवारे पर चर्चा में यह आंकड़ा महत्वपूर्ण रहेगा।
BJP जहां संभावित प्री-पोल गठबंधन में 2024 के लोकसभा चुनाव परिणामों को आधार बनाने की बात कर रही है, वहीं SAD चाहता है कि पिछले तीन चुनावों के औसत प्रदर्शन को ध्यान में रखा जाए। इनमें 2022 के विधानसभा चुनाव, 2024 के लोकसभा चुनाव और हाल के ग्रामीण एवं शहरी स्थानीय निकाय चुनाव शामिल हैं।
2022 के विधानसभा चुनाव में SAD ने BJP से बेहतर प्रदर्शन किया था, जबकि 2024 के लोकसभा चुनाव में BJP ने SAD को पीछे छोड़ दिया।
SAD-BJP गठबंधन की चर्चा का सबसे बड़ा आधार 2024 लोकसभा चुनाव में दोनों दलों का संयुक्त 31 प्रतिशत वोट शेयर है। इसमें BJP को 18.5 प्रतिशत और SAD को 13.5 प्रतिशत वोट मिले थे।
आधिकारिक तौर पर BJP ने स्पष्ट किया है कि वह पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। हालांकि, सूत्रों का कहना है कि पर्दे के पीछे गठबंधन की संभावनाओं पर बातचीत जारी है।

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