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PUDA को लगा बड़ा झटका! प्लॉट देने में देरी पड़ी भारी, उपभोक्ता आयोग ने ₹14.51 लाख लौटाने का दिया आदेश!

चंडीगढ़।राजवीर दीक्षित

मोहाली के गेटवे सिटी प्रोजेक्ट में प्लॉट का कब्जा नहीं देने और विकास कार्य अधूरे रहने पर चंडीगढ़ जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने पंजाब अर्बन प्लानिंग एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PUDA) को कड़ी फटकार लगाई है। आयोग ने सेक्टर-37 निवासी गुरदीप सिंह को ₹14,51,520 की रकम 9 प्रतिशत सालाना ब्याज के साथ लौटाने का आदेश दिया है। इसके अलावा PUDA को मानसिक परेशानी और उत्पीड़न के लिए ₹50,000 मुआवजा तथा मुकदमे का खर्च भी देना होगा।

शिकायतकर्ता गुरदीप सिंह के अनुसार, PUDA ने वर्ष 2014 में मोहाली के सेक्टर 118-119 में ‘गेटवे सिटी’ आवासीय परियोजना शुरू की थी। वर्ष 2015 में उन्होंने इस परियोजना में 256 वर्ग गज का प्लॉट खरीदने के लिए अमन गुप्ता से सौदा किया। इसकी अनुमानित कीमत ₹53.76 लाख तय हुई।

27 जुलाई 2015 को उन्होंने प्लॉट की LOI अपने नाम करवाने के लिए आवेदन किया और PUDA ने 30 जुलाई को इसे उनके नाम स्थानांतरित कर दिया। शिकायतकर्ता ने प्लॉट के आवंटन से पहले कुल ₹16,08,612 का भुगतान किया था। शेष 75 प्रतिशत राशि आवंटन पत्र जारी होने के बाद देनी थी।

गुरदीप सिंह का आरोप था कि जब वह साइट पर पहुंचे तो उन्हें आवंटित प्लॉट व्यवहारिक रूप से उपयुक्त नहीं लगा। उन्होंने PUDA से या तो दूसरी समान आकार की जगह देने या रकम वापस करने की मांग की। उनके मुताबिक, प्राधिकरण ने रिफंड का भरोसा दिया, लेकिन न तो प्लॉट का वास्तविक कब्जा दिया और न ही रकम लौटाई।

वहीं, PUDA के वकील ने शिकायतकर्ता के आरोपों का विरोध करते हुए कहा कि उन्होंने अमन गुप्ता से बिना प्राधिकरण से परामर्श किए प्लॉट खरीदा था। हालांकि, PUDA ने LOI शिकायतकर्ता के नाम स्थानांतरित करने और आवंटन से पहले ₹14,51,520 प्राप्त करने की बात स्वीकार की।

आयोग ने अधूरे प्रोजेक्ट पर उठाए सवाल

आयोग ने अपने आदेश में कहा कि PUDA तय समय या उसके बाद उचित अवधि में भी परियोजना पूरी नहीं कर पाया। प्राधिकरण परियोजना के पूरी तरह तैयार होने के समर्थन में completion certificate, occupation certificate या तस्वीरों जैसे ठोस दस्तावेज भी पेश नहीं कर सका।

इसी आधार पर आयोग ने PUDA को ₹14,51,520 पर भुगतान की संबंधित तारीखों से 9 प्रतिशत सालाना ब्याज देने, ₹50,000 मुआवजा और मुकदमे का खर्च चुकाने का निर्देश दिया है।

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