चंडीगढ़ । राजवीर दीक्षित
चंडीगढ़ पुलिस ने पंजाब यूथ कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष बरिंदर ढिल्लों के खिलाफ FIR दर्ज की है। उन पर 27 अक्टूबर को चंडीगढ़ के सेक्टर-15 स्थित
कांग्रेस भवन में पंजाब कांग्रेस कमेटी के पूर्व सचिव रंजीत सिंह तरखान माजरा के साथ मारपीट करने का आरोप है।
द टारगेट न्यूज की ओर से प्राप्त FIR की कॉपी के अनुसार, पुलिस ने 4 नवंबर को भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 115(2) और 126(2) के तहत मामला दर्ज किया है।
अपनी शिकायत में तरखान माजरा ने आरोप लगाया कि 27 अक्टूबर को दोपहर करीब 3 बजे से 3:30 बजे के बीच वह अपने बेटे रजनप्रीत सिंह के साथ पार्टी के काम से कांग्रेस भवन पहुंचे थे। इसी दौरान बरिंदर ढिल्लो और एक अज्ञात व्यक्ति ने उनके खिलाफ कथित तौर पर जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए गाली-गलौज की।
शिकायतकर्ता के अनुसार, जब वह वॉशरूम से बाहर
आए तो ढिल्लों और एक अन्य व्यक्ति हैप्पी खेड़ा के
कार्यालय के बाहर खड़े थे। आरोप है कि दोनों ने उनकी अनुसूचित जाति से संबंधित पहचान को लेकर अपमानजनक टिप्पणियां कीं और वहां मौजूद लोगों के सामने उन्हें अपमानित किया।
तरखान माजरा ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने
जातिसूचक टिप्पणियों का विरोध किया तो ढिल्लों ने उन्हें थप्पड़ मारा और मारपीट शुरू कर दी। इससे उन्हें शारीरिक पीड़ा हुई और अपनी सुरक्षा को
लेकर डर पैदा हो गया।
शिकायत में आगे आरोप लगाया गया है कि ढिल्लों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। तरखान माजरा ने इस घटना के गवाह के रूप में मनजीत शर्मा और राजीव कपला के नाम दिए हैं। उनका कहना है कि जब उन्होंने शोर मचाया तो उनके बेटे, गवाहों और अन्य लोगों ने बीच-बचाव किया।
शिकायतकर्ता ने बताया कि वह अनुसूचित जाति समुदाय से संबंध रखते हैं और पिछले 30 वर्षों से कांग्रेस पार्टी से जुड़े हुए हैं। वह पंजाब प्रदेश कांग्रेस के SC सेल में स्पेशल इनवाइटी के पद पर भी हैं।
FIR के मुताबिक, प्रारंभिक जांच में बरिंदर ढिल्लों के
खिलाफ BNS की धारा 115(2) और 126(2) के तहत
प्रथम दृष्टया मामला बनता पाया गया है। हालांकि, इस स्तर पर अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित
जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है। मामले की जांच DSP सुखविंदर पाल को सौंपी गई है।
कांग्रेस पहले ही जारी कर चुकी थी कारण बताओ नोटिस
इस विवाद के बाद कांग्रेस पार्टी ने 27 अक्टूबर की घटना को लेकर बरिंदर ढिल्लों को कारण बताओ नोटिस भी
जारी किया था। पार्टी की अनुशासनात्मक कार्रवाई समिति के अध्यक्ष
अवतार हेनरी ने उन्हें तीन दिनों के भीतर जवाब देने को
कहा था। नोटिस में तरखान माजरा के साथ कथित अनुचित
व्यवहार और अपमानजनक टिप्पणियां करने के आरोप शामिल थे।
ढिल्लों ने नोटिस मिलने की पुष्टि की थी, लेकिन मारपीट के आरोपों से इनकार किया था। उन्होंने घटना को मौखिक बहस का मामला बताते हुए
उम्मीद जताई थी कि विवाद सुलझ जाएगा।
गौरतलब है कि बरिंदर ढिल्लों रोपड़ विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस टिकट के प्रबल दावेदार हैं, जबकि रंजीत सिंह तरखान माजरा बस्सी
पठाना से पार्टी टिकट की मांग कर रहे हैं। दोनों नेताओं के बीच सीधे तौर पर चुनावी मुकाबला नहीं है, लेकिन पार्टी के भीतर उन्हें अलग-अलग गुटों से जुड़ा माना जाता है।


















