शिमला । राजवीर दीक्षित
(Major administrative reshuffle in Himachal High Court; several judicial officers transferred) हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट ने न्यायिक अधिकारियों के स्तर पर व्यापक फेरबदल किया है। हाई कोर्ट की ओर से 15 न्यायिक अधिकारियों के तबादले और पोस्टिंग के आदेश जारी किए गए हैं। इसके तहत शिमला में डिस्ट्रिक्ट एंड सेशंस जज (फॉरेस्ट) के तौर पर कार्यरत अजय मेहता को नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें नाहन में सिरमौर जिले का डिस्ट्रिक्ट एंड सेशंस जज नियुक्त किया गया है। उनकी नई तैनाती के साथ सिरमौर जिले की न्यायिक व्यवस्था में भी बदलाव देखने को मिलेगा।
किन्नौर के जिला एवं सत्र न्यायाधीश (DSJ) मदन कुमार को मंडी में फैमिली कोर्ट का प्रिंसिपल जज नियुक्त किया गया है। वहीं, उनकी जगह अमन सूद को धर्मशाला में कांगड़ा का DSJ बनाया गया है। ऊना के DSJ नरेश कुमार को कुल्लू का DSJ नियुक्त किया गया है, जबकि कुल्लू के DSJ प्रकाश चंद राणा को ऊना की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसके अलावा अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश-I राजेश चौहान को भी ऊना का DSJ नियुक्त किया गया है।
धर्मशाला स्थित कांगड़ा के लेबर कोर्ट-कम-इंडस्ट्रियल ट्रिब्यूनल के पीठासीन अधिकारी प्रवीण चौहान को वापस बुलाकर उनकी सेवाएं राज्य सरकार को सौंप दी गई हैं। उन्हें हिमाचल प्रदेश सरकार में प्रधान सचिव (कानून) के पद पर तैनात किए जाने की तैयारी है।
इसके साथ ही कई अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीशों को भी नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। सरकाघाट की अतिरिक्त DSJ अबीरा बसु को किन्नौर का जिला एवं सत्र न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। वहीं, नाहन के अतिरिक्त DSJ गौरव महाजन को शिमला में अतिरिक्त DSJ-1 का दायित्व सौंपा गया है।
इन नियुक्तियों के बाद न्यायिक प्रशासन में जिम्मेदारियों का नया समीकरण देखने को मिलेगा।
शिमला के एडिशनल DSJ-I परवीन गर्ग को सरकाघाट में एडिशनल DSJ के पद पर नियुक्त किया गया है। वहीं शिमला के एडिशनल DSJ-II यजुवेंद्र सिंह को मंडी में एडिशनल DSJ-I की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
सोलन के एडिशनल DSJ-II विवेक खनाल का तबादला कर उन्हें नाहन में सिरमौर के एडिशनल DSJ के पद पर तैनात किया गया है। इसके अलावा कुल्लू के एडिशनल DSJ-I अमित मंड्याल को कुल्लू में ही एडिशनल DSJ-II के पद पर नियुक्त किया गया है।
फिलहाल इन तबादलों और नई तैनातियों को न्यायिक प्रशासन में महत्वपूर्ण बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। नई जिम्मेदारियों के साथ अधिकारी अब अपने संबंधित क्षेत्रों में कार्यभार संभालेंगे।



















