बिलासपुर । राजवीर दीक्षित
(‘Chitta’ smuggler escapes from court; two personnel on duty suspended) हिमाचल प्रदेश के जिला बिलासपुर में अदालत परिसर से चिट्टा तस्करी के आरोपित के फरार होने के मामले में पुलिस विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। ड्यूटी के दौरान गंभीर लापरवाही बरतने के आरोप में स्वारघाट पुलिस थाने में तैनात दो जवानों को निलंबित कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक ने दोनों कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश भी जारी किए हैं।
मामला मंगलवार का है, जब पेशी के लिए अदालत परिसर लाया गया कुल्लू निवासी आरोपित पुलिसकर्मियों को चकमा देकर पहली मंजिल से कूद गया और मौके से फरार हो गया। आरोपी के भागते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। इसके बाद पुलिस ने आसपास के इलाके में करीब डेढ़ घंटे तक सघन तलाशी अभियान चलाया। काफी मशक्कत के बाद आरोपी को बस स्टैंड के समीप एक निकास नाली से पकड़ लिया गया।
आरोपी तो दोबारा पुलिस के हत्थे चढ़ गया, लेकिन सुरक्षा में हुई चूक ने पुलिस व्यवस्था पर सवाल जरूर खड़े कर दिए।
उल्टी का बहाना बनाकर हो गया था फरार
गरा क्षेत्र में लग्जरी बस में सवार 32 वर्षीय चंद्रवीर निवासी बैंची कुल्लू को पुलिस ने 12.58 ग्राम चिट्टे के साथ पकड़ा था। उसे मंगलवार को पुलिस जवान अदालत में पेशी के लिए लाए थे। जज के समक्ष पेश किए जाने से ठीक पहले आरोपित ने उल्टी आने का नाटक किया। जैसे ही जवान उसे बाथरूम की तरफ ले जाने लगे, वह पहली मंजिल से छलांग लगाकर भाग निकला था।
नाकेबंदी के बाद नाली में छिपा मिला कैदी, पुलिस ने दबोचा
घटना के बाद पुलिस ने पूरे शहर की सीमाएं सील करते हुए जगह-जगह नाकेबंदी कर दी। करीब डेढ़ घंटे तक पुलिस टीमें फरार कैदी की तलाश में जुटी रहीं। इसी दौरान स्थानीय लोगों से मिली सूचना ने पुलिस को बस स्टैंड के पास पहुंचाया। तलाशी के दौरान आरोपी गंदगी से भरी नाली में छिपा मिला, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
अदालत परिसर से कैदी के फरार होने की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। घटना के बाद ड्यूटी पर तैनात जवानों पर कार्रवाई की तलवार लटकना तय माना जा रहा था।



















